How to Start Ghee Making Business | घी बनाने का बिजनेस कैसे शुरू करें?

How to Start Ghee Making Business:- यदि आप भी अपना खुद का Business करना चाहते हैं तो आज के इस आर्टिकल में हम आपको Desi Ghee Ka Business Kaise Kare इसके बारे में बताने जा रहे हैं. दोस्तों यहां आप Business license online kaise banaye, Desi Ghee Kya Hai? देसी घी के बेनिफिट्स, Ghee Business Plan In Hindi, Business ke Liye Registration और license kaise kare, पूरी जानकारी हिंदी में.

How to Start Ghee Making Business  घी बनाने का बिजनेस कैसे शुरू करें

विषयों की सूची

How to Start Ghee Making Business | घी बनाने का बिजनेस कैसे शुरू करें?

दोस्तों जानकारी के लिए आपको बता दें कि देसी घी बनाने का यह काम भारत में सदियों से किया जा रहा है. या यूं कहा जा सकता है कि यह प्राचीन काल से चला आ रहा है, हमारे पूर्वज अपने घरों में अपने भोजन के लिए देसी घी बनाया करते थे. इसलिए आज भी कुछ ग्रामीण विभागों में पशुपालन करते हैं. और इसी के साथ गाव में देसी घी का बिजनस करते है.

लेकिन बढ़ती आबादी और घी खाने के फायदों को जानकर इसे अब एक व्यवसाय के रूप में देखा जाने लगा है. इस व्यवसाय के बारे सही और आवश्यक जानकारी से लाखों रुपये कमाए जा सकते हैं. जी हाँ, आपने सही पढ़ें. यदि आप देशी घी के व्यापार से जुड़े हुए हैं और देसी घी का व्यवसाय करने का प्लान बना रहे है तो आप हमारे साथ अंत तक बने रहें

क्योंकि यहाँ आप Desi Ghee Kya Hai? Ghee ke Prakar aur Upyog, Desi Ghee Sevan karne ke Fayde, और सबसे जरुरी Ghee Business Plan In Hindi, Income और Desi Ghee Ka Business Kaise Kare विस्तार से जानने वाले है.

देसी घी क्या है | Desi Ghee Kya Hai?

दोस्तों, अगर हम घी के बारे में बात करते हैं, तो यह शब्द संस्कृत शब्द घृत से विकसित हुआ है और भारत और मध्य पूर्व के कई देशों में सबसे प्रसिद्ध पारंपरिक डेयरी उत्पादों में से एक है. घी गाय, भैंस और कई अन्य प्रजातियों के मवेशियों के दूध, मलाई या मक्खन से बनाया जाता है.

घी लैक्टोज मुक्त होने के साथ-साथ नमक मुक्त भी होता है.

देसी घी की बात करें तो यह सुनहरे पीले रंग के तरल जैसा दिखता है और यह दूध से बनने वाली एक बहुत ही स्वादिष्ट सामग्री है. इसलिए किसी भी खाने में देशी घी की थोड़ी सी मात्रा शामिल करने से उस खाने का स्वाद कई गुना बढ़ जाता है.

यह एक डेयरी उत्पाद है इसलिए यह ग्लूटेन मुक्त भी है. दोस्तों आपको जानकर ख़ुशी होगी की यह अपना भारतीय आविष्कार है.

आयुर्वेद से जुड़े घी शब्द संस्कृत शब्द घृत से बना है. जिसका अर्थ है छिड़कना और भारत के दक्षिणी हिस्सों में इसे व्यापक रूप से नेयी के नाम से जाना जाता है. भारत, मध्य पूर्वी और दक्षिण पूर्व एशियाई देशों में वैदिक रीति-रिवाजों, विवाहों, धार्मिक रीति-रिवाजों और विभिन्न व्यंजनों में घी एक अनिवार्य रूप से उपयोग किया जाता है.

घी कितने प्रकार के होते है (Types of Ghee)

  1. Regular ghee:- गाय या भैंस के नियमित मक्खन को पिघलाकर घी बनाया जाता है.
  2. A2 ghee: देसी भारतीय गायों जैसे गिर गाय और लाल सिंधी से बनाया जाता है.
  3. Bilona Ghee: घी बनाने का सबसे पारंपरिक तरीका है, यह देसी गाय के दूध से बना सबसे शुद्ध घी है.

इसके आलावा घी के प्रकार – Types of Ghee

  • Lime grass-fed ghee,
  • Grass-fed VS Grain-fed ghee,
  • Grass-fed ghee,
  • Himalayan Salt Infused Ghee,
  • Grass-Fed Cultured Organic Ghee,
  • Garlic grass-fed ghee,

देसी घी का उपयोग –

1. इसका उपयोग कुकिंग फैट के रूप में किया जाता है,
2. आइसक्रीम निर्माण में,
3. घी का उपयोग कन्फेक्शनरी उद्योग में किया जाता है,
4. इसका उपयोग विभिन्न प्रकार के फैट स्प्रेड के निर्माण में किया जाता है,
5. घी में ए, डी, ई जैसे वसा में घुलनशील विटामिन होते हैं और इसलिए यह शाकाहारी के लिए फायदेमंद हो सकता है,
6. यह बुद्धि, स्मरण शक्ति को बढ़ाने और शरीर की ऊर्जा को बढ़ाने में मदद करता है,

देसी घी के उपर्युक्त उपयोगों और लाभों को देखते हुए कहा जा सकता है कि आने वाले दिनों में इसकी मांग बढ़ने वाली है, इसलिए यदि कोई Entrepreneur देशी घी बनाने का व्यवसाय शुरू करता है, तो यह उसके लिए फायदेमंद हो सकता है.

देसी घी की बाजार क्षमता – Ghee Business Plan In Hindi

किसी उत्पाद की कितनी बिक्री होगी इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि उसका उपयोग किस मात्रा में और किन उद्देश्यों के लिए किया गया है. अगर हम देसी घी की बात करें तो यह हर भारतीय रसोई में पाई जाने वाली एक प्रमुख और बेहद स्वादिष्ट सामग्री है. कहने का तात्पर्य यह है कि भारतीय खाना पकाने में घी का व्यापक रूप से उपयोग किया जाता है, यह दूध के ठोस पदार्थ जैसे मक्खन से पानी निकालकर बनाया जाता है.

इसलिए इसकी महक और स्वाद बहुत अच्छा होता है और यह लगभग सभी लोगों को खूब पसंद आता है और एक आंकड़े के अनुसार दूध के बाद डेयरी उत्पादों में सबसे ज्यादा सेवन किया जाने वाला देशी घी है.

इसके अलावा बढ़ती आबादी के साथ लोगों की खर्च करने योग्य आय में वृद्धि, देशी घी के सेवन से लोगों को होने वाले फायदों की जानकारी बढ़ने से इसकी मांग भी बढ़ रही है.

तो आइये सबसे पहले देशी घी सेवन करने के फायदे जानते है और फिर देशी घी को अपना व्यवसाय कैसे बनाये इसके बारे में विस्तार से जानते है.

घी सेवन करने के फायदे –

  • पाचन तंत्र में मदद करता है,
  • प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत करता है,
  • आवश्यक विटामिन का स्रोत है,
  • लैक्टोज असहिष्णु के लिए वरदान है,
  • बर्न्स का इलाज करता है,
  • स्वस्थ त्वचा रखता है,
  • वजन घटाने में उपयोगी होता है,
  • मासिक धर्म की समस्याओं का इलाज करता है,
  • हड्डियों को मजबूत करता है,
  • थायराइड रोग को ठीक करता है, आदि.

तो दोस्तों देसी घी बनाने के व्यवसाय को अपने बिजनेस के रूप में कैसे शुरू करें यह जानने से पहले आपको देसी घी बनाने में किन-किन बातों का ध्यान रखना होगा और घी बनाने के लिए कौन-कौन से जरूरी उपकरण, Ghee Business Plan In Hindi क्या है? प्रोसेस और किन चीजों की जरूरत होती है यह जानना जरूरी है.

देसी घी का बिज़नस कैसे शुरू करे | Ghee Business Plan In Hindi

प्रोजेक्ट प्लान:- जब लोकेशन का चुनाव हो जाए तो अपना बिजनेस प्लान तैयार कर लें और बिजनेस के अंदर जितने भी काम करने हैं, जैसे कितना इन्वेस्टमेंट करना होगा, कौन सी मशीन लानी होगी, कौन कब आएगा, आदि. व्यवसाय योजना में उत्पाद बनाने वाली सभी चीजें शामिल होनी चाहिए.

आर्थिक व्यवस्था :- जब व्यापार योजना तैयार हो जाती है तो आर्थिक व्यवस्था करनी पड़ती है क्योंकि बिना निवेश के कुछ भी नहीं हो सकता.

अब आप सोच रहे होंगे की घी बिज़नस के लिए कितना खर्चा हो सकता है. तो दोस्तों बारी बारी से वो सब कुछ विस्तार से जानेंगे जो इस बिज़नस के लिए जरुरी है, बस हमारे साथ बने रहे.

लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन :- जब निवेश हो जाए तो लाइसेंस के लिए अप्लाई करें क्योंकि अगर देसी घी किसी ब्रांड नेम से बनाना और बेचना है तो उसके लिए लाइसेंस होना चाहिए.

मशीनरी की खरीद:- जब व्यापार के लिए लाइसेंस प्राप्त हो जाए तो व्यापार के लिए मशीन खरीद लें.

विद्युत फिटिंग और मशीनरी की स्थापना :- मशीनरी लेने के बाद उनके लिए विद्युत फिटिंग करें और फिर मशीन को स्थापित करें.

वर्कर हायर:- सभी काम करने के बाद आप अपने बिजनेस के हिसाब से जरुरी वर्कर को लाकर अपना बिजनेस शुरू कर सकते हैं.

देसी घी बनाने का व्यवसाय शुरू करने की प्रक्रिया – Desi Ghee Ka Business Kaise Kare

दोस्तों, यदि आपको छोटा बिजनेस या देसी घी बनाने का बिजनेस घर से शुरू करना हैं तो आपको इसके अंदर ज्यादा प्रोसेस करने की जरूरत नहीं है आप कच्चे माल से घर पर ही बिजनेस शुरू कर सकते हैं, लेकिन अगर आप बड़े पैमाने पर बिजनेस करना चाहते हैं तो एक प्रक्रिया के अनुसार इसे शुरू करना होगा क्योंकि इसके लिए कई गतिविधियाँ करनी होती हैं जैसे क्षेत्र विश्लेषण, भूमि चयन, परियोजना, पंजीकरण, वित्तीय व्यवस्था आदि.

घी निर्माण व्यवसाय योजना गाइड – Desi Ghee Business

बाजार अनुसंधान और व्यापार योजना – Ghee Business Plan In Hindi

सबसे पहले, आपको अपने स्थान पर एक बाजार अध्ययन करने की आवश्यकता है. बाजार में कई विशिष्ट प्रकार के घी उपलब्ध हैं. बड़े तौर पर ये गाय के दूध का घी और गैर गाय के दूध का घी. इसके अलावा, घी विभिन्न स्वादों में आता है.

तो, आपको विभिन्न प्रकार के घी की विशिष्ट मांग को समझने की आवश्यकता है. इसके अलावा अपने क्षेत्र में स्थापित घी निर्माण ब्रांडों की पहचान करें. पैकिंग और कीमत की जाँच करें. ये सभी आपको व्यवसाय योजना तैयार करने और निर्माण कार्य शुरू करने में मदद करेंगे.

अंत में, आपको व्यवसाय योजना या परियोजना रिपोर्ट तैयार करने की आवश्यकता है. यदि आप बड़े पैमाने पर परिचालन शुरू करना चाहते हैं, तो आप Bank Finance के लिए आवेदन करने पर विचार कर सकते हैं. इसके बारे में आप अधिक जानकारी इस पोर्टल (NIFTEM PDF) पर जाँच कर सकते है.

व्यवसाय पंजीकरण और लाइसेंस –

आपको व्यवसाय पंजीकरण प्राप्त करने की आवश्यकता है. निश्चित रूप से, प्रक्रिया आपके राज्य के नियमों के आधार पर भिन्न हो सकती है.

इसके अतिरिक्त, यह खाद्य पदार्थों के अंतर्गत आता है, इसीलिए घी निर्माण संबंधित विभाग से विशिष्ट अनुमति की मांग जरुरी है.

घी निर्माण व्यवसाय शुरू करने के लिए आपको जिन दो लाइसेंसों की आवश्यकता होती है, वे हैं FSSAI लाइसेंस और GST पंजीकरण.

अगर आप इस बिज़नस को बड़ा बनाना चाह रहे है जिसके लिए यदि आपको लोन चाहिए हो तो आपको MSME से अपने बिज़नस के लिए लोन मिल सकता है.

ब्लॉग पोस्ट पढ़ेंHow To Gumasta license renewal online

बिजनेस के लिए लोन कैसे लें –

MSME से इस commercial venture के लिए ऋण लेने के रास्ते में, आपको पहले एमएसएमई में अपने व्यवसाय में साइन इन करना होगा. एमएसएमई में अपने commercial venture की जांच करने के लिए, आपको सबसे पहले एमएसएमई की प्रामाणिक वेबसाइट पर जाना होगा.

इसके बाद आपको यहां से अपने business के बारे में सभी उपयुक्त रिकॉर्ड भरकर अपना व्यवसाय पंजीकृत करवाना होगा.

घी निर्माण प्लांट की स्थापना –

आम तौर पर, आप 1000/2000 वर्ग फुट के कवर क्षेत्र में एक छोटे पैमाने पर घी निर्माण Plant शुरू कर सकते हैं. हालाँकि, स्थान की आवश्यकता व्यवसाय के आकार और अपेक्षित उत्पादन के आधार पर भिन्न होती है.

स्थान का चयन सावधानी से करें. औद्योगिक क्षेत्र में जगह होना बेहतर है. इसके अतिरिक्त, आपको अच्छे जल संसाधन और निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने की आवश्यकता है.

परिवहन उपलब्धता की भी जाँच करें. यदि आप लॉजिस्टिक उद्देश्यों के लिए अपना स्वयं का माल वाहन रखना चाहते हैं तो सुरक्षित पार्किंग के लिए जगह की जाँच करें.

देसी घी बनाने के लिए आवश्यक मशीनरी –

देसी घी निर्माण व्यवसाय शुरू करने के लिए प्रमुख और एकमात्र कच्चा माल दूध है. इसके लिए पैकिंग सामग्री की आवश्यकता होती है लेकिन घी बनाने के लिए कच्चे माल के रूप में केवल दूध की आवश्यकता होती है. यदि मशीनरी और उपकरणों की बात करे तो वह इस प्रकार है.

Sr. NoEquipmentSr. NoEquipment
1Milk Storage Tank7Milk Homogenizer
2Balance Tank8Milk Pasteurizer
3Cream Separator9Boiler and Pump
4Chiller10Butter Churning Machine
5Ghee Boiling Kettle11IBT Type Chilling Machine
6Sachet Filling Machine12Other Machinery and Equipment
घी बनाने की मशीन (Ghee Making Machine)

आम तौर पर, घी बनाने की मशीन की आवश्यकता आपके द्वारा अनुसरण की जाने वाली निर्माण प्रक्रिया पर निर्भर करती है.

बड़े पैमाने पर बिजनेस की सुरुवात करनी है तो मशीनरी खरीदने की आवश्यकता होगी जैसे,

1.Stainless Steel Steam Heated Double Jacketed Kettle,
2.Exciter,
3.Steam control valve,
4.Pressure and temperature gauge,
5.Moveable, hollow, stainless steel tube centrally bored into the kettle,
6.Thermometer & Weight Scale,
घी निर्माण प्रक्रिया – Desi Ghee Kaise Banate Hai

सबसे पहले दूध विक्रेता से प्राप्त किया जाता है और दूध के प्राथमिक processing से पहले भंडारण टैंकों में संग्रहीत किया जाता है,

इसके बाद बॉयलर का उपयोग भाप उत्पन्न करने के लिए किया जाता है जिसका उपयोग प्लांट की विभिन्न प्रक्रियाओं में किया जाता है जिसमें आम तौर पर दूध और दूध उत्पादों को गर्म करने की आवश्यकता होती है.

इस भाप का उपयोग शुरू में pasteurization के लिए दूध को गर्म करने के लिए pasteurizer में किया जाता है, उचित होल्डिंग समय के बाद दूध को दूसरे होल्डिंग टैंक में भेजा जाता है जो दूध को ठंडा करने से पहले स्टोर करता है.

दूध को ठंडा करने के बाद इसे एक होल्डिंग टैंक के भीतर संग्रहीत किया जाता है, जहां से इसकी आपूर्ति दूध होमोजेनाइज़र को की जाती है, जो दूध में एक समान गोलाकार आकार सुनिश्चित करता है, जिसके बाद दूध को एक में संग्रहित किया जाता है.

बैलेंस टैंक जहां से यह क्रीम सेपरेटर को फ़ीड करता है, जो अनिवार्य रूप से दूध से क्रीम निकालता है, जिसे दूसरे बैलेंस टैंक में संग्रहीत किया जाता है, जबकि Toned milk (टोन किया हुआ दूध) को पाउच भरने वाली मशीन के होल्डिंग टैंक को आपूर्ति की जाती है, जो Toned milk को उचित मात्रा के पैकेट में पैक करता है, जिसे बाद में स्टोर किया जाता है.

दूसरी ओर क्रीम को दूसरे चिलर में ठंडा किया जाता है, ताकि उसका तापमान 4 से 5 डिग्री सेल्सियस तक कम हो जाए. क्रीम को फिर मक्खन मंथन मशीन को फीड किया जाता है.

मक्खन मंथन मशीन क्रीम से मक्खन निकालती है जिसे बाद में एक हीटिंग बर्तन में फीड किया जाता है जो घी प्राप्त करने के लिए मक्खन को गर्म करता है. इस घी की आपूर्ति एक अन्य पाउच पैकेजिंग मशीन को की जाती है जो घी को उचित आकार के पैक में पैक करती है, जिसे बाद में ठंडे कमरे में बिक्री के लिए भेजे जाने तक संग्रहीत किया जाता है.

फ्लो चार्ट के साथ घी निर्माण प्रक्रिया – Ghee Business Plan In Hindi
How to Start Ghee Making Business | घी बनाने का बिजनेस कैसे शुरू करें?
घी विपणन और वितरण – How to Start Ghee Making Business

इस बिज़नस की मार्केटिंग आप दो तरह से कर सकते है. जैसे की Online और Offline.

ऑनलाइन मार्केटिंग करने के लिए आप सोशल मिडिया या फिर फेसबुक page बनाकर इस बिज़नस को बढ़ावा दे सकते है. फेसबुक page से लोगो को पता चल जाये की आप घी का बिज़नस करते है.

फेसबुक का उपयोग दुनिया के अधिकतर लोग करते है. जिससे आपको बहुत ज्यादा फायदा हो सकता है.

आप इसके अलावा अपने बिज़नस के लिए Instagram page भी बना सकते है. इस पर आप घी के अच्छे अच्छे फोटो खीच कर डाल सकते है.

ऑफलाइन मार्केटिंग करने के लिए आप अपने बिज़नस के लिए कुछ पोस्टर और बेनर बनवा सकते है. इन पोस्टर को आप हर गली और नुकड़ पर लगा सकते है. इसके अलावा आप लोगो में परछे भी बटवा सकते है.

इसके बावजूद अपने उत्पाद के लिए एक आकर्षक और यादगार नाम चुनें. लेबल को ध्यान से तैयार करें.

इस प्रकार के उत्पाद को बढ़ावा देने के लिए जैसा की हमने पहले ही बता दिया, इलेक्ट्रॉनिक मीडिया और चैनलों में विज्ञापन उपयोगी होते हैं.

इसके अलावा, अपने उत्पाद को अपने इलाके में जितना हो सके रिटेल स्टोर पर उपलब्ध कराएं. उत्पाद बेचने के लिए सुपरमार्केट और मॉल भी विकल्प हैं.

मूल रूप से, घी निर्माण एक कार्यशील पूंजी-गहन व्यवसाय है. इसलिए, लंबी अवधि की सफलता के लिए उचित लागत विश्लेषण और वित्तीय योजना आवश्यक है.


निष्कर्ष –

तो दोस्तों इस लेख में हमने How to Start Ghee Making Business इसके बारे में जाना है. जैसे, Types of Ghee, Desi Ghee Kya Hai? Ghee Business Plan In Hindi, देसी घी के बेनिफिट्स, देसी घी का बिज़नस कैसे शुरू करे, Desi Ghee Ka Business Kaise Kare, आदि.

इसके अलावा, हमने Ghee Business Plan in Hindi, Income इसके बारे में जाना है. इसके अलावा अगर आपका अभी भी इससे जुड़ा कोई सवाल या विचार है तो आप हमें कमेंट करके बता सकते हैं.


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1. क्या घी बनाने का व्यवसाय लाभदायक है?

मांग अधिक होने के कारण घी बनाने के व्यवसाय में लाभ मार्जिन अधिक है. हर रोज 2000 रुपये तक का फायदा उठा सकते हैं. घी उत्पादन व्यवसाय में लाभ मार्जिन थोक डीलरों के लिए बहुत अधिक है.

2. 1 लीटर घी में कितने ग्राम होते हैं?

एक लीटर शुद्ध घी का वजन 910 ग्राम होता है.

3. क्या घी पौधों से बनता है?

मक्खन की तरह, घी आमतौर पर गाय के दूध से बनाया जाता है. घी नियमित मक्खन को पिघलाकर बनाया जाता है.

4. 1 किलो घी कितने लीटर दूध से बनता है?

1 किलो घी के लिए 7-8 लीटर दूध लग सकता है. पूरे दूध के लिए (6% दूध फैट मानकर), 1 किलो घी बनाने के लिए 16-17 किलोग्राम दूध की आवश्यकता होती है.

5. घी कितने प्रकार का होता है?

Lime grass-fed ghee,
Grass-fed VS Grain-fed ghee,
Grass-fed ghee,
Himalayan Salt Infused Ghee,
Grass-Fed Cultured Organic Ghee,
Garlic grass-fed ghee,

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